हल्द्वानी। मुखानी क्षेत्र में निर्माणाधीन सड़क पर खुले गड्ढे के कारण हुए दर्दनाक हादसे के बाद जिला प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। हादसे में एक किशोर की मौत के बाद पूरे प्रकरण की निष्पक्ष और स्वतंत्र मजिस्ट्रेटी जांच के आदेश जारी कर दिए गए हैं। इस घटना ने निर्माण कार्यों में बरती जा रही लापरवाही और सुरक्षा मानकों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

जिलाधिकारी नैनीताल ललित मोहन स्याल ने मामले की गंभीरता और जनहित को देखते हुए मजिस्ट्रेटी जांच के निर्देश दिए हैं। आदेश के तहत अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) विवेक राय को जांच अधिकारी नियुक्त किया गया है।
जांच के दौरान यह बिंदु प्रमुख रूप से सामने लाए जाएंगे कि निर्माणाधीन सड़क पर कार्यदायी एजेंसी द्वारा सुरक्षा मानकों का पालन किया गया या नहीं, गड्ढा किन परिस्थितियों में और कितने समय तक खुला छोड़ा गया, तथा मौके पर चेतावनी बोर्ड और बैरिकेडिंग क्यों नहीं की गई। इसके साथ ही उस समय यातायात को जारी रखने के आदेश, उनके औचित्य और अनुपालन की भी गहन जांच की जाएगी।

जांच अधिकारी को निर्देशित किया गया है कि वे सभी संबंधित अभिलेखों की जांच करें, आवश्यक साक्ष्य एकत्र करें, संबंधित अधिकारियों व एजेंसी के बयान दर्ज करें और 14 दिनों के भीतर विस्तृत रिपोर्ट जिलाधिकारी कार्यालय को सौंपें। यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया गया है।

प्रशासन के इस कदम से स्पष्ट है कि लापरवाही बरतने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई तय मानी जा रही है।







