नेशनल हेराल्ड केस में मोदी–शाह की राजनीति बेनकाब, इस्तीफा दें: कांग्रेस
हल्द्वानी | 21 दिसंबर 2025
कांग्रेस के राष्ट्रीय प्रवक्ता श्री आलोक शर्मा ने शनिवार को हल्द्वानी में आयोजित प्रेसवार्ता में केंद्र की मोदी सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि मनरेगा को “सुधार” के नाम पर खत्म करना महात्मा गांधी की सोच और गरीबों के काम के अधिकार की हत्या है।आलोक शर्मा ने आरोप लगाया कि लोकसभा में पास किए गए नए बिल के जरिए दुनिया की सबसे बड़ी रोजगार गारंटी योजना मनरेगा को कमजोर कर दिया गया है। यह योजना ग्राम स्वराज, काम की गरिमा और विकेंद्रीकृत विकास की गांधीवादी सोच का प्रतीक रही है, लेकिन मोदी सरकार ने न केवल इसका नाम हटाया बल्कि 12 करोड़ से अधिक मजदूरों के संवैधानिक अधिकारों को कुचल दिया।
उन्होंने कहा कि मनरेगा पिछले दो दशकों से ग्रामीण गरीबों के लिए जीवनरेखा रही है और कोविड-19 महामारी के दौरान यह आर्थिक सुरक्षा कवच साबित हुई। लेकिन 2014 से मोदी सरकार ने लगातार बजट कटौती, राज्यों का फंड रोकने, जॉब कार्ड हटाने और आधार आधारित भुगतान जैसी शर्तें लगाकर योजना को कमजोर किया, जिसके चलते अब मजदूरों को साल में मुश्किल से 50–55 दिन ही काम मिल पा रहा है।
संवैधानिक अधिकार से प्रशासनिक कृपा तक
कांग्रेस प्रवक्ता ने कहा कि अब तक मनरेगा संविधान के अनुच्छेद 21 से जुड़ा अधिकार था, लेकिन नया ढांचा इसे केंद्र-नियंत्रित, शर्तों वाली योजना में बदल देता है। यह गरीबों के साथ धोखा है और संघीय ढांचे पर सीधा हमला है।
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि केंद्र सरकार राज्यों पर लगभग ₹50,000 करोड़ का अतिरिक्त बोझ डालना चाहती है, जबकि नियंत्रण और श्रेय खुद लेना चाहती है। यह “फेडरलिज़्म का धोखा” है।
नेशनल हेराल्ड केस में मोदी–शाह की हार
प्रेसवार्ता में आलोक शर्मा ने नेशनल हेराल्ड मामले में अदालत के फैसले का जिक्र करते हुए कहा कि 12 साल बाद कांग्रेस को बदनाम करने की मोदी सरकार की साजिश बेइज्जती के साथ खत्म हुई है।
उन्होंने कहा कि ED द्वारा सोनिया गांधी और राहुल गांधी के खिलाफ दर्ज मामला पूरी तरह राजनीति से प्रेरित था, जिसे अदालत ने खारिज कर दिया। इससे साबित हो गया कि जांच एजेंसियों का इस्तेमाल राजनीतिक बदले के लिए किया गया।
आलोक शर्मा ने कहा,
“अब जब सच सामने आ गया है, तो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह को नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए इस्तीफा देना चाहिए।”कांग्रेस करेगी हर मंच पर विरोध
उन्होंने दोहराया कि कांग्रेस पार्टी इस जनविरोधी, श्रमिक-विरोधी और संघीय ढांचे पर हमले के खिलाफ सड़क से लेकर संसद तक संघर्ष जारी रखेगी।
“सच की जीत हुई है और सच की हमेशा जीत होगी,” – कहते हुए उन्होंने लोकतंत्र और संविधान की रक्षा का संकल्प दोहराया।प्रेसवार्ता में उपस्थित
इस अवसर पर हल्द्वानी विधायक सुमित हृदयेश, महानगर कांग्रेस अध्यक्ष एडवोकेट गोविंद सिंह बिष्ट, जिलाध्यक्ष राहुल चिमवाल, महिला कांग्रेस जिलाध्यक्ष खष्टी बिष्ट, पूर्व महानगर अध्यक्ष हरीश मेहता, पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष हेमन्त बगड़वाल सहित कई वरिष्ठ कांग्रेस नेता मौजूद रहे।









