एम.आई.ई.टी. कुमाऊँ के बीसीए छात्रों का दो दिवसीय औद्योगिक भ्रमण एवं शैक्षणिक सत्र सफलतापूर्वक संपन्न

हल्द्वानी।
एम.आई.ई.टी. कुमाऊँ, हल्द्वानी के कंप्यूटर विज्ञान एवं अनुप्रयोग विभाग द्वारा बीसीए पाठ्यक्रम के 40 विद्यार्थियों के लिए दो दिवसीय औद्योगिक भ्रमण एवं शैक्षणिक कार्यक्रम का सफल आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम संस्थान के प्रबंध निदेशक डॉ. बी. एस. बिष्ट के नेतृत्व एवं कार्यकारी निदेशक डॉ. तरुण सक्सेना के मार्गदर्शन में संपन्न हुआ, जिसका उद्देश्य छात्रों को उद्योग से जोड़ते हुए व्यावहारिक ज्ञान प्रदान करना था।

कार्यक्रम के प्रथम दिन विद्यार्थियों ने नोएडा स्थित ऐपस्क्वाड्ज़ सॉफ्टवेयर प्रा. लि. का औद्योगिक भ्रमण किया। इस अवसर पर कंपनी के श्री विशाल रंजन द्वारा एक इंटरएक्टिव तकनीकी सत्र आयोजित किया गया। सत्र के दौरान छात्रों को सॉफ्टवेयर उद्योग की कार्यप्रणाली, कॉर्पोरेट कार्य संस्कृति, वर्तमान एवं भविष्य के करियर अवसरों तथा उभरती तकनीकों की विस्तृत जानकारी दी गई।

श्री रंजन ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए बताया कि तेजी से बदलते तकनीकी परिदृश्य में केवल स्नातक डिग्री ही नहीं, बल्कि अल्पकालिक एवं कौशल-आधारित पाठ्यक्रम भी छात्रों के भविष्य को मजबूत बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने सॉफ्टवेयर उद्योग में संभावित नए बदलावों पर भी प्रकाश डाला।
कार्यक्रम के दूसरे दिन आई.पी.ई.सी. इंजीनियरिंग कॉलेज में जेनरेटिव एआई (Generative AI) विषय पर एक विशेष शैक्षणिक सत्र का आयोजन किया गया। यह सत्र डॉ. कुमुद कुंदू, विभागाध्यक्ष (एआई/एमएल) द्वारा लिया गया। सत्र में विद्यार्थियों को जेनरेटिव एआई की मूल अवधारणा, इसके औद्योगिक उपयोग, वास्तविक जीवन में इसके अनुप्रयोग तथा भविष्य की संभावनाओं के बारे में विस्तार से बताया गया। छात्रों ने इस सत्र में गहरी रुचि दिखाई और तकनीक से जुड़े कई प्रश्न भी पूछे।

इस दो दिवसीय कार्यक्रम में श्रीमती हेमा नेगी खत्री (विभागाध्यक्ष, कंप्यूटर विज्ञान एवं अनुप्रयोग), श्री अनिल कुमार (प्रशिक्षण एवं प्लेसमेंट प्रकोष्ठ), सुश्री तवाहा फरीद (मानव संसाधन अधिकारी), श्री मोहित सुयाल (प्रबंधन विभाग, बीबीए) तथा आई.पी.ई.सी. इंजीनियरिंग कॉलेज से श्री शैलेन्द्र की विशेष उपस्थिति रही।
कार्यक्रम के समापन पर डॉ. कुमुद कुंदू को स्मृति चिह्न भेंट कर सम्मानित किया गया। यह औद्योगिक भ्रमण एवं शैक्षणिक सत्र विद्यार्थियों के लिए ज्ञानवर्धक एवं प्रेरणादायक सिद्ध हुआ।







