देहरादून।
सचिवालय में वित्तीय वर्ष 2025–26 की राजस्व प्राप्ति की स्थिति को लेकर उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक के दौरान अधिकारियों को राजस्व संग्रह में वृद्धि के लिए ठोस, प्रभावी एवं परिणामोन्मुखी कदम उठाने के निर्देश दिए गए।

बैठक में परिवहन विभाग को निर्देशित किया गया कि राज्य में प्रवेश करने वाले बाहरी वाहनों से ग्रीन सेस वसूली की प्रक्रिया को शीघ्र प्रारंभ किया जाए, ताकि राजस्व में बढ़ोतरी के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण को भी बढ़ावा मिल सके।

कर चोरी पर प्रभावी नियंत्रण के लिए अधिकारियों को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) आधारित तकनीकों को प्रोत्साहित करने के निर्देश दिए गए। साथ ही निबंधन एवं रजिस्ट्रेशन से जुड़े सभी कार्यों का पूर्ण डिजिटाइजेशन सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया। अधिकारियों को सब-रजिस्ट्रार कार्यालयों का नियमित निरीक्षण करने के भी निर्देश दिए गए, जिससे पारदर्शिता बनी रहे और अनियमितताओं पर रोक लगाई जा सके।
बैठक में पर्यावरण संरक्षण को प्राथमिकता देते हुए राज्यहित में वन संपदा के समुचित एवं संतुलित उपयोग पर भी चर्चा की गई। अधिकारियों को तराई क्षेत्रों में कमर्शियल प्लांटेशन को बढ़ावा देने तथा जड़ी-बूटी उत्पादन के क्षेत्र में बेहतर कार्य करने के लिए ठोस एवं व्यावहारिक योजना तैयार करने के निर्देश दिए गए।

सरकार ने स्पष्ट किया कि राजस्व वृद्धि के साथ-साथ पारदर्शिता, तकनीकी नवाचार और पर्यावरण संरक्षण को संतुलित रखते हुए कार्य किया जाएगा, जिससे राज्य की आर्थिक स्थिति सुदृढ़ हो सके।







