
ऐतिहासिक और चमत्कारिक रहा कैंची धाम स्थापना दिवस मेला-2026

पुलिस और प्रशासन की मुस्तैदी से लाखों श्रद्धालुओं को मिले सुगम दर्शन, मंदिर समिति ने जताया आभार
नैनीताल। विश्व प्रसिद्ध बाबा नीब करौरी महाराज के पावन धाम कैंची में आयोजित स्थापना दिवस मेला-2026 इस वर्ष ऐतिहासिक और चमत्कारिक साबित हुआ। श्रद्धालुओं की अभूतपूर्व भीड़, सुव्यवस्थित व्यवस्थाओं और शांतिपूर्ण आयोजन ने इस मेले को पिछले कई दशकों के सबसे सफल आयोजनों में शामिल कर दिया है। मेला संपन्न होने के बाद श्री कैंची मंदिर समिति और मंदिर प्रबंधन ने राज्य सरकार, जिला प्रशासन और नैनीताल पुलिस का हृदय से आभार व्यक्त किया है।

श्री कैंची मंदिर समिति के सचिव आलोक चोपड़ा और प्रबंधक प्रदीप साह ने कहा कि वे पिछले करीब 50 वर्षों से मंदिर की सेवा से जुड़े हुए हैं, लेकिन अपने जीवन में उन्होंने इतना भव्य, व्यवस्थित और चमत्कारिक मेला कभी नहीं देखा। उन्होंने कहा कि इस बार श्रद्धालुओं की संख्या सभी पूर्व अनुमानों से कहीं अधिक रही, लेकिन पुलिस और प्रशासन की दूरदर्शिता तथा कड़ी मेहनत के चलते व्यवस्था पूरी तरह नियंत्रण में रही और श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा का सामना नहीं करना पड़ा।

मेला अवधि के दौरान कानून व्यवस्था, यातायात संचालन और श्रद्धालुओं की सुरक्षा को लेकर नैनीताल पुलिस पूरी तरह सक्रिय रही। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. मंजूनाथ टी.सी. स्वयं व्यवस्थाओं की लगातार निगरानी करते रहे और मेला समाप्ति तक अधिकारियों एवं कर्मचारियों के साथ समन्वय बनाकर हर व्यवस्था पर नजर रखी। उनकी अगुवाई में पुलिस और प्रशासन की टीम ने लाखों श्रद्धालुओं को सुगम और सुरक्षित दर्शन कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

दूर-दराज से पहुंचे श्रद्धालुओं की सुविधा को देखते हुए मंदिर के कपाट और दर्शन का समय एक घंटे तक बढ़ाया गया, ताकि अंतिम कतार में खड़े श्रद्धालु भी बाबा के दर्शन से वंचित न रहें। इस निर्णय की श्रद्धालुओं ने भी सराहना की। एसएसपी नैनीताल ने इस अवसर पर मंदिर समिति, सेवादारों और स्थानीय जनता का सहयोग के लिए धन्यवाद ज्ञापित किया।

मंदिर समिति ने कहा कि इस भव्य आयोजन को सफल बनाने में राज्य सरकार का विशेष सहयोग मिला। कुमाऊं कमिश्नर, आईजी कुमाऊं, जिलाधिकारी, एसएसपी नैनीताल सहित पुलिस और प्रशासन के सभी विभागों ने समन्वय और समर्पण के साथ कार्य किया, जिसके परिणामस्वरूप यह विशाल आयोजन सफलता के नए आयाम स्थापित कर सका।

मेला समापन के अवसर पर पूरा परिसर “नीब करौरी बाबा की जय” के जयघोष से गूंज उठा और श्रद्धालुओं ने प्रसन्नता व संतोष व्यक्त करते हुए अगले वर्ष फिर से बाबा के दरबार में आने की कामना की।






